जयपुर डेस्क । India China Relation : भारत औऱ पाकिस्तान के बीच हमेशा से तनाव रहा है और इस तनाव में चीन ने अपनी रोटी सेंकने के लिए हर संभव कोशिशें की है। हालांकि पहलगाम हमले कि बाद से भारत ने दुनिया के ये दिखा दिया है कि भारत अब किसी ओर देश से किसी भी लिहाजे से पीछे नहीं है। ऐसे में अब भारत के एक कदम ने चीन के लिए परेशानी बढ़ा दी है। चीन को भारत के इस कदम से इतनी परेशानी होने लगी है कि चीन की ओर से WTO में भारत की शिकायत भी कर दी है।
ये है पूरा मामला
India China Relation : दरअसल, चीन को भारत के जिस फैसले से परेशानी होने लगी है उसमें EV और बैटरियों के लिए भारत का आत्मनिर्भऱ बनना है। बता दें कि भारत सरकार द्वारा ये प्रयास किय़ा जा रहा है कि य़दि भारत इस मामले में आत्मनिर्भऱ बनता है तो उसके लिए ये बड़ी बात होगी। यहीं कारण है कि भारत की ओर से लगातार लोगों को इस ओर ध्यान खींचने कि लिए सब्सिडी भी दी जा रही है। इसी सब्सीडी से अब चीन को ऐतराज है।
क्या कहना है चीन का
India China Relation : चीन ने इस सबंध में WTO में भारत के लिए शिकायत की है कि इस तरह का बढ़ावा व्यापार के अंतराष्ट्रीय नियमों की अवहेलना करता है। चीन का कहना है कि इस तरह का सहयोग विश्व में भारत की गलत छवि बना रहा है और हालात नहीं सुधरे तो भारत के खिलाफ इस मामले में कड़े कदम उठाने से पीछे नहीं हटेगा।
EV और बैटरियों के मामले में आत्मनिर्भरता की ओर
India China Relation : भारत सरकार द्वारा चलाई जा रही FAME-2 योजना इसी का एक प्रकार है जिसका विरोध चीन कर रहा है। भारत सरकार द्वारा लगातार EV और बैटरियों के मामले में आत्मनिर्भर बनने की ना सिर्फ बात की जा रही है बल्कि इसके लिए सरकार के द्वारा मदद भी की जी रही है। ऐसे में चीन का इससे नाराज होना काफी हद तक सही भी है क्यों कि विश्व में इस व्यापार के दो तिहाई भाग पर चीन राज करता है।
